Daily 24 भारत डेस्क: ईरान और अमेरिका के बीच जारी तनाव के बीच संघर्षविराम (सीज़फायर) को लेकर नई स्थिति सामने आई है. Donald Trump ने घोषणा की है कि सीज़फायर तब तक लागू रहेगा जब तक दोनों देशों के बीच कोई ठोस समझौता नहीं हो जाता. हालांकि, कुछ अमेरिकी अधिकारियों का मानना है कि ईरान को सीमित समय-लगभग 3 से 5 दिनों-की ही छूट दी गई है.
ईरान पर कंटेनर शिप पर हमले का आरोप। चेतावनी को नजरअंदाज करने की बात सामने आई। घटना के बाद क्षेत्र में तनाव बढ़ा।#Iran #ContainerShip #MaritimeSecurity pic.twitter.com/GU5TiD4sOv
— Daily 24 Bharat (@Daily24bharat) April 22, 2026
इस बीच होर्मुज स्ट्रेट में तनाव फिर से बढ़ गया है. ओमान के पास एक कार्गो जहाज पर ईरानी बलों द्वारा हमला किए जाने की खबर सामने आई है. यूनाइटेड किंगडम मैरिटाइम ट्रेड ऑपरेशंस के अनुसार, जहाज के मास्टर ने रिपोर्ट दी कि इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स की एक गनबोट ने प्रोजेक्टाइल दागे, जिससे जहाज पर रखे कुछ कंटेनरों को नुकसान पहुंचा. राहत की बात यह रही कि न तो जहाज में आग लगी और न ही किसी चालक दल के सदस्य के हताहत होने की सूचना है.
हमले के बाद यूकेएमटीओ ने इस अहम समुद्री मार्ग से गुजरने वाले जहाजों के लिए एडवाइजरी जारी की है. जहाजों को सतर्क रहने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत सूचना देने की सलाह दी गई है, क्योंकि इलाके में खतरा बना हुआ है.
दूसरी ओर, ईरान ने स्पष्ट कर दिया है कि वह होर्मुज स्ट्रेट में अमेरिकी नाकेबंदी हटाने की मांग पर अड़ा हुआ है. ईरान का कहना है कि बातचीत और समझौते में सबसे बड़ी बाधा यही नाकेबंदी है. जब तक अमेरिका इसे नहीं हटाता, तब तक इस जलमार्ग को खोलने से इनकार किया गया है. इस घटनाक्रम के बीच होर्मुज स्ट्रेट में स्थिति बेहद संवेदनशील बनी हुई है और अंतरराष्ट्रीय शिपिंग पर खतरा लगातार मंडरा रहा है.